|
आप तो मेरे ही ख्वाबों में सदा आया करे
हम तो ख्वाबों की हकिकत आप में देखा करे
आप रहते हैं खयालों में हमारे रुबरु
आप के नजदिक आने की मुझे थी आरजू
पास आकर आप हम से दूर ना जाया करे
मुझ को चाहे भी निगाहें भी बचायें शर्म से
क्यों ना आँचल में ये चेहरा हम छुपाए शर्म से
मेरी नजरें चाहती हैं आप को चुमा करे
जिंदगी भर आप हम को ऐसे ही चाहा करे
दिल धडकता हैं हमारा, आप यूँ ना देखिए
दिल धडकना ही मोहब्बत हैं, मोहब्बत सोचिए
धडकनों में आप के हम यूँ ही अब धडका करे
आप तो मेरे ही ख्वाबों में सदा आया करे
इश्क हैं बेताब, इस को और ना तडपाईए
हुस्न रुसवां हो ना जाये, खुद को ये समझाईए
मैं नहीं उन में जो हुस्न-ओ-इश्क को रुसवा करु
आप क्या जाने के हम भी आप को पूजा करे | |