| लता मंगेशकर - Lata Mangeshkar
ये शाम की तनहाईयाँ, ऐसे में तेरा गम शैलेन्द्र, शंकर जयकिशन, आह (1953)
ये तनहाई, हाए रे हाए, जाने फिर आए ना आए हसरत जयपुरी, सचिनदेव बर्मन, तेरे घर के सामने (1963)
ये रात खुशनसिब है, जो अपने चांद को समीर, दिलीप सेन - समीर सेन, आईना (1993)
यूँ हसरतों के दाग मोहब्बत में धो लिए राजेन्द्र कृष्ण, मदन मोहन, अदालत (1958)
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